बिलासपुर/चाँटापारा वार्ड नंबर 18 के साढ़े चार सौ परिवारों में उस समय हड़कंप मच गया जब उनको पता चला कि भरे करोना काल में कांग्रेस के सरकार ने उनके आवास को तोड़कर नए मकान बना कर देने के वादे पर शहर के दूसरे छोर इमलीभांटा में बिना मूलभूत सुविधाओं के भेज दिया गया था ।सभी नागरिकों में आस थी कभी ना कभी इस नरकीय स्थिति जीवन से मुक्ति मिलेगी और वापस अपने पुराने जगह पर लौटेंगे लेकिन आज ये सारे लोगों में तब हड़कंप मच गया कि जब नगर निगम के द्वारा एमआईसी में चुपके से प्रस्ताव पारित कर इस जगह पर ऑक्सिज़ोन बनाए जाने का प्रस्ताव राज्य सरकार को भेजा गया है।
वर्षों से चाँटापारा में निवास कर रहे लोगों को भरे करोना काल में निगम ने बेदखल कर सैकड़ों लोगों के मकान ध्वस्त कर दिए थे ।उस समय निगम अधिकारियों ने आश्वासन दिया था कि कुछ समय बाद सभी लोगों को यहां पर आवास निर्माण कर दिया जाएगा ।
इस तरह 2018-19 में करीब 92 परिवारों करीब 450 लोगों को इमलीभांटा में आनन -फ़ानन में अटल आवास में शिफ़्ट किया गया,वहाँ रहने वालों का आरोप है बिना किसी मूलभूत सुविधाओं के उस समय सभी यहाँ निवास करने लगे की कुछ दिनों बाद वापस आवास बनने के बाद मकान सभी को मिल जाएगा ।
इस तरह इन सभी परिवारों कों इंतिजार करते हुए आज 7-8 बरस बीत गए,इसके बाद 2023 में भाजपा की सरकार बनी तो सभी लोगों कि उम्मीद जगी कि पिछले 5वर्षों से इमलीभाँटा में नारकीय जीवन भोगते हुए हो गए है अब राहत मिलेगी ।ये सभी लोगों का जीवन-व्यापन इसी पुराने मोहल्ले से चल रहा है,आशियाना जरूर उजड़ गया है लेकिन इमलीभांटा से लोगों के घरों में काम करने तो ,कोई शहर में छोटे-छोटे गुमटी से रोजगार कर रहा है कि एक दिन ये आशियाना यहाँ फिर बनेगा ,इस उम्मीद में प्रतिदिन पैदल,ऑटो से,आना-जाना कर जीविकपोर्जन कर रहे हैं ।
ये सभी भाजपा सरकार कोर वोटर है,शहर की राजनीति में इस वार्ड की अलग पहचान है,पूरे शहर में सबसे जायदा मार्जिन से भाजपा यहाँ से जीतती है,लोकसभा,विधान सभा,पार्षद चुनाव सभी में यहाँ का मार्जिन सबसे ज़्यादा रहता है ।
शहर विधायक अमर अग्रवाल से वार्ड नंबर 18 के पार्षद प्रतिनिधि लक्ष्मी नारायण (बबलू)कश्यप के साथ वार्ड के दो-ढाई सौ लोगों ने मुलाक़ात कर ऑक्सीजोन का विरोध करते हुए बताया कि उनको वापस इसी जगह पर मकान बनाकर दिलाया जाए ।
इसके अलावा कुल करीब पौने दो एकड़ 70 हज़ार वर्गफीट करीब जमीन ख़ाली है ,वहीं इतनी बड़ी जमीन उपलब्ध होने के बाद भी इस तरह इनको मकान बनाकर ना देना ग़लत है ।
ऑक्सीजोन नदी एक किनारे भी बनाया जा सकता है ।
नागरिकों का कहना है इसके लिए अगर बड़ी लड़ाई लड़नी पड़ेगी तो लड़ेंगे धरना प्रदर्शन,आंदोलन भी किया जाएगा ।
इसके लिए कोर्ट भी जाना पड़ेगा तो जाएँगे ऐसा नागरिकों का कहना है ।
खजांची कुम्हार
निगम उपायुक्त का कहना है कि सभी विस्थापित परिवारों को शहर के आसपास आवास उपलब्ध कराए जाएगा और ऑक्सज़ोन बनाये जाने का प्रस्ताव नगर निगम के एमआईसी से पास करा कर राज्य शासन को भेजा गया है ।









